भारत में स्पैम कॉल से सभी परेशान है। एक रिपोर्ट के मुताबिक स्पैम कॉल के मामले में भारत सबसे ज्यादा स्पैम कॉल रिसीव करने वाले देशों की लिस्ट में पांचवें नंबर पर है। ब्राजील पहले स्थान पर है। ट्रूकॉलर ने अपनी सालाना रिपोर्ट में बताया है कि पिछले साल भारत के हर यूजर को 1 महीने में औसतन 22 स्पैम कॉल आये थे। वहीं 2019 में यह आंकड़ा बढ़कर 25 हो गया है।
2019 में भारत में स्पैम कॉल्स 15% तक बढ़े हैं। करीब 10% स्पैम कॉल्स फाइनेंसियल सर्विस प्रोवाइडर्स की ओर से आते हैं। इस कैटेगरी को पिछले साल रिपोर्ट में शामिल नहीं किया गया था। स्टडी में यह भी सामने आया है कि भारत में हर 3 में से एक महिला को यौन उत्पीड़न या अनुचित कॉल या एसएमएस आते हैं।
टेलीकॉम ऑपरेटर्स भारत में टॉप स्पैमर बने हुए हैं और यूजर्स को ढेरों ऑफर्स और सर्विस देते है। इससे जुड़े हुए 67% से ज्यादा स्पैम कॉल जाते हैं। बैंक और फाइनेंशियल टेक संस्थाएं भी स्पैम कॉल की लिस्ट में शामिल हो गए हैं। ऐसे ऑर्गेनाइजेशन स्पैम कॉल में शेयर 10% और टेली मार्केटिंग सर्विसेज का स्पैम कॉल में शेयर 17% है।
एसएमएस की लिस्ट में भारत आठवें नंबर पर है। रिपोर्ट में स्पैम कॉल्स के अलावा स्वयं मैसेजेस को बढ़ते ट्रेंड है। दुनियाभर के जिन 20 देशों में सबसे ज्यादा स्पैम s.m.s. यूजर्स को आते हैं। उनकी लिस्ट भी शेयर की गई है। डाटा के मुताबिक तेजी से बढ़ रहे मार्केट वाले देशों में ज्यादा स्पैम मैसेज यूजर्स को आते हैं. इस लिस्ट में भारत आठवीं पोजीशन पर है। जहां हर यूजर को 1 महीने में औसतन 61 पर मैसेज आते हैं। अफ्रीकी महाद्वीप में यूजर्स को सबसे ज्यादा एसएमएस भेजे जाते हैं। मैसेज वाली लिस्ट में पाकिस्तान भारत से ऊपर छठी पोजीशन पर है।